उत्तराखंड में 19 अप्रैल से शुरू होने वाली चार धाम यात्रा 2026 को लेकर तैयारियां तेज कर दी गई हैं. इस साल यात्रा को सुरक्षित और सुगम बनाने के लिए सरकार हर स्तर पर व्यवस्थाएं सुधारने में जुटी है. अब तक करीब 10 लाख श्रद्धालु पंजीकरण करा चुके हैं और 5 करोड़ रुपये से अधिक की बुकिंग हो चुकी है.
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने यात्रा की तैयारियों को लेकर अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं. उन्होंने सड़कों की मरम्मत, पेयजल व्यवस्था, स्वास्थ्य सेवाओं और यातायात प्रबंधन को बेहतर बनाने पर जोर दिया है, ताकि श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े.
सरकार का क्या है उद्देश्य
सरकार का मुख्य उद्देश्य यात्रा को पूरी तरह सुरक्षित और व्यवस्थित बनाना है. इसके लिए विभिन्न विभागों के बीच समन्वय स्थापित किया जा रहा है. यात्रा मार्गों पर मेडिकल सुविधाओं को मजबूत किया जा रहा है, वहीं ट्रैफिक मैनेजमेंट को भी बेहतर बनाने के प्रयास किए जा रहे हैं.
सीएम ने क्या-क्या कहा
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि यात्रा से जुड़े सभी हितधारकों, जैसे अतिथि गृह संचालक, ढाबा संचालक, टैक्सी और परिवहन सेवाओं से जुड़े लोगों के साथ लगातार संवाद किया जा रहा है. इसका मकसद यह सुनिश्चित करना है कि श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं मिल सकें और यात्रा अनुभव सुखद रहे.
इसके अलावा प्रशासन की ओर से समय-समय पर जरूरी सूचनाएं श्रद्धालुओं तक पहुंचाई जाएंगी, ताकि वे अपनी यात्रा की योजना बेहतर तरीके से बना सकें. सरकार ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि तैयारियों की लगातार समीक्षा की जाए और किसी भी कमी को तुरंत दूर किया जाए.
सीएम करेंगे तैयारियों की समीक्षा
मुख्यमंत्री ने कहा कि वह स्वयं भी जल्द ही चार धाम यात्रा की तैयारियों की समीक्षा करेंगे. उन्होंने विश्वास जताया कि राज्य सरकार के समन्वित प्रयासों से चार धाम यात्रा 2026 को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और आरामदायक बनाया जाएगा.


