हरेला पर्व के अवसर पर पौड़ी गढ़वाल के प्रभारी मंत्री मदन कौशिक ने गुरुवार को नीलकंठ महादेव मंदिर पहुंचकर भगवान शिव के दर्शन और पूजा-अर्चना की। उन्होंने प्रदेश और जनपदवासियों की सुख-समृद्धि, खुशहाली एवं उत्तम स्वास्थ्य की कामना करते हुए सभी को हरेला पर्व की शुभकामनाएं दीं। साथ ही लोगों से अधिक से अधिक पौधे लगाने और पर्यावरण संरक्षण में भागीदारी निभाने की अपील की।
ग्राम पंचायत तोली में किया पौधारोपण
पूजा-अर्चना के बाद प्रभारी मंत्री ग्राम पंचायत तोली स्थित पंचायत कार्यालय परिसर में आयोजित वृक्षारोपण कार्यक्रम में शामिल हुए। उन्होंने जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और स्थानीय नागरिकों के साथ विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाए और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।
मदन कौशिक ने कहा कि हरेला उत्तराखंड की सांस्कृतिक विरासत और प्रकृति के प्रति आस्था का प्रतीक पर्व है। उन्होंने कहा कि वृक्ष केवल हरियाली का प्रतीक नहीं, बल्कि जल संरक्षण, स्वच्छ पर्यावरण और आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य का आधार हैं। इसलिए पौधारोपण के साथ-साथ उनके संरक्षण की जिम्मेदारी भी सभी को निभानी चाहिए।
प्रदेशभर में चल रहा पौधारोपण अभियान
प्रभारी मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में पूरे प्रदेश में पर्यावरण संरक्षण को जनभागीदारी से जोड़ते हुए व्यापक स्तर पर पौधारोपण अभियान चलाया जा रहा है। हरेला पर्व इस अभियान को जनआंदोलन का स्वरूप देने का महत्वपूर्ण अवसर है।
आयुर्वेदिक चिकित्सालय का किया निरीक्षण
वृक्षारोपण कार्यक्रम के बाद मदन कौशिक ने पीपलकोठी स्थित राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्सालय का निरीक्षण किया। उन्होंने औषधि वितरण व्यवस्था, उपचार सुविधाओं और पंचकर्म कक्ष का जायजा लेते हुए मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। साथ ही अस्पताल परिसर की स्वच्छता और व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने पर जोर दिया।
हर्बल गार्डन में लगाए औषधीय पौधे
निरीक्षण के दौरान प्रभारी मंत्री ने चिकित्सालय परिसर के हर्बल गार्डन में औषधीय पौधों का रोपण किया और आयुर्वेद तथा औषधीय पौधों के संरक्षण को बढ़ावा देने की आवश्यकता बताई। उन्होंने वर्ष 2023 की आपदा में क्षतिग्रस्त अस्पताल भवन के पुनर्निर्माण की प्रगति की जानकारी ली और तकनीकी स्वीकृति के बाद निर्माण कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए।
विधायक रेनू बिष्ट ने भी किया पर्यावरण संरक्षण का आह्वान
स्थानीय विधायक रेनू बिष्ट ने कहा कि हरेला उत्तराखंड की संस्कृति, लोक परंपरा और प्रकृति के प्रति समर्पण का पर्व है। उन्होंने लोगों से अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनके संरक्षण की जिम्मेदारी निभाने की अपील की, ताकि आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ और हरित वातावरण मिल सके।
इस अवसर पर नीलकंठ महादेव मंदिर के महंत सुभाष गिरी, उपजिलाधिकारी चतर सिंह चौहान, अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत संजय खंडूरी, जिला आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी डॉ. शैलेंद्र पांडे, व्यापार मंडल नीलकंठ के अध्यक्ष बृजेश चौहान, ग्राम प्रधान उषा देवी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, जनप्रतिनिधि और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।


