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पौड़ी गढ़वाल में वनाग्नि पर सख्ती, रियल टाइम मॉनिटरिंग सिस्टम होगा लागू

Mintwire by Mintwire
30/04/2026
in उत्तराखंड, देश, राज्य
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पौड़ी गढ़वाल में लगातार बढ़ रही वनाग्नि की घटनाओं को देखते हुए जिला प्रशासन ने कड़े कदम उठाने शुरू कर दिए हैं। जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में वनाग्नि की रोकथाम, त्वरित नियंत्रण और प्रभावी प्रबंधन को लेकर विस्तृत चर्चा की गई।

रियल टाइम मॉनिटरिंग सिस्टम होगा लागू

प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अब वनाग्नि की घटनाओं पर निगरानी के लिए रियल टाइम मॉनिटरिंग सिस्टम विकसित किया जाएगा। एक सप्ताह के भीतर इस सिस्टम को लागू करने की तैयारी है, जिससे घटनाओं की तुरंत जानकारी मिल सके और तेजी से कार्रवाई हो सके।

1 मई से सटीक रिपोर्टिंग के निर्देश

जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि 1 मई से फायर अलार्म सिस्टम के अनुरूप सभी वनाग्नि घटनाओं की समयबद्ध और सटीक रिपोर्टिंग सुनिश्चित की जाए। इससे रिस्पॉन्स टाइम कम होगा और नुकसान को सीमित किया जा सकेगा।

ग्राम पंचायत स्तर तक मजबूत होगा नेटवर्क

वनाग्नि रोकथाम के लिए ग्राम पंचायत स्तर तक नेटवर्क को मजबूत किया जाएगा। ग्राम प्रधानों, वीपीडीओ, पटवारी और क्रू स्टेशन प्रभारियों के संयुक्त समूह बनाए जाएंगे। साथ ही व्हाट्सएप ग्रुप के माध्यम से त्वरित सूचना आदान-प्रदान सुनिश्चित किया जाएगा।

जनसहभागिता और प्रशिक्षण पर जोर

संवेदनशील क्षेत्रों में ग्राम प्रधानों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। युवक मंगल दलों को “फर्स्ट रिस्पॉन्डर” के रूप में शामिल किया जाएगा। साथ ही पीरूल (चीड़ की पत्तियों) के संग्रहण के लिए भी संस्थाओं के साथ समझौते किए जाएंगे ताकि आग की घटनाओं को कम किया जा सके

प्रशासन ने साफ किया है कि जो लोग जानबूझकर आग लगाने में शामिल पाए जाएंगे, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही जनजागरूकता अभियान के जरिए लोगों को सतर्क रहने के लिए प्रेरित किया जाएगा।

टोल-फ्री नंबर और त्वरित सूचना

हर ग्राम पंचायत में टोल-फ्री नंबर 1926 प्रदर्शित किया जाएगा ताकि किसी भी वनाग्नि की सूचना तुरंत संबंधित टीम तक पहुंच सके

जिलाधिकारी ने सभी एसडीएम को निर्देश दिए हैं कि एक सप्ताह के भीतर तहसील स्तर पर बैठक आयोजित कर वनाग्नि रोकथाम की रणनीति को और मजबूत किया जाए।

यह कदम ऐसे समय उठाए गए हैं जब प्रदेश में वनाग्नि की घटनाएं तेजी से बढ़ रही हैं और पर्यावरण के साथ-साथ जनजीवन पर भी इसका असर पड़ रहा है।

Tags: UttarakhandUttarakhand newsUttarakhand news hindi
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