उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा परिषद (UBSE) द्वारा घोषित बोर्ड परीक्षा परिणाम 2026 में इस बार पर्वतीय जिलों का दबदबा देखने को मिला है। खासकर बागेश्वर जिले ने हाईस्कूल और इंटरमीडिएट दोनों में शानदार प्रदर्शन करते हुए पूरे प्रदेश में पहला स्थान हासिल किया है। वहीं दूसरी ओर देहरादून और हरिद्वार जैसे बड़े जिले परिणामों में पीछे रह गए हैं।
इस बार के परिणामों ने यह स्पष्ट कर दिया है कि छोटे और पर्वतीय जिलों के छात्र भी शिक्षा के क्षेत्र में बड़ी उपलब्धियां हासिल कर रहे हैं। सीमित संसाधनों के बावजूद इन क्षेत्रों के छात्रों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन कर मिसाल पेश की है।
पास प्रतिशत में बागेश्वर अव्वल
जिलेवार आंकड़ों पर नजर डालें तो बागेश्वर ने हाईस्कूल में 96.98 प्रतिशत और इंटरमीडिएट में 94.81 प्रतिशत पास प्रतिशत के साथ टॉप किया है। यह प्रदर्शन राज्य के अन्य जिलों के मुकाबले काफी बेहतर रहा है।
इसके मुकाबले देहरादून और हरिद्वार जैसे शहरी जिले अपेक्षा के अनुरूप प्रदर्शन नहीं कर पाए। हाईस्कूल में देहरादून का पास प्रतिशत सबसे कम 89.21 रहा, जबकि इंटरमीडिएट में हरिद्वार का परिणाम 75.45 प्रतिशत के साथ सबसे नीचे रहा।
प्रदेश का कुल परिणाम
पूरे राज्य में इस वर्ष हाईस्कूल का कुल पास प्रतिशत 92.10 और इंटरमीडिएट का 85.11 प्रतिशत दर्ज किया गया है। कुल मिलाकर परिणाम संतोषजनक रहे, लेकिन जिलों के बीच प्रदर्शन में बड़ा अंतर देखने को मिला।
शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि पर्वतीय जिलों में छात्रों की मेहनत और शिक्षकों की प्रतिबद्धता ने इस सफलता में अहम भूमिका निभाई है। वहीं शहरी क्षेत्रों में प्रतिस्पर्धा और अन्य कारकों के कारण परिणाम अपेक्षा से कम रहे।
रिजल्ट से जुड़े सवालों के लिए हेल्पलाइन जारी
रिजल्ट घोषित होने के बाद छात्रों के मन में कई सवाल होते हैं, जैसे स्क्रूटनी, मार्कशीट या अन्य प्रक्रियाओं से संबंधित जानकारी। इसे ध्यान में रखते हुए बोर्ड ने हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं।
बोर्ड सचिव विनोद प्रसाद सिमल्टी के अनुसार, छात्र इन नंबरों पर संपर्क कर अपनी समस्याओं का समाधान पा सकते हैं। हेल्पलाइन में संयुक्त सचिव सीपी रतूड़ी, शोध अधिकारी शैलेंद्र जोशी और प्रशासनिक अधिकारी राजीव रावत के नंबर शामिल हैं।
पर्वतीय जिलों की सफलता बनी चर्चा का विषय
इस बार के परिणामों में बागेश्वर जैसे पर्वतीय जिले का अव्वल आना चर्चा का विषय बन गया है। यह न सिर्फ छात्रों के लिए प्रेरणा है, बल्कि यह भी दिखाता है कि सही मार्गदर्शन और मेहनत से किसी भी परिस्थिति में सफलता हासिल की जा सकती है।


