दिल्ली में H1N1 यानी स्वाइन फ्लू के बढ़ते मामलों ने स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी है। राजधानी में इस साल H1N1 संक्रमण के मामले 2 हजार का आंकड़ा पार कर चुके हैं। हालांकि, भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (ICMR) ने स्पष्ट किया है कि संक्रमण किसी नए वायरस या नए स्ट्रेन के कारण नहीं फैल रहा है। देश में फिलहाल H1N1 का वही स्ट्रेन मौजूद है, जिसके बारे में वैज्ञानिक पहले से जानते हैं।
ICMR के मुताबिक, भारत में A/Missouri/11/2025 (H1N1)pdm09-जैसा वायरस फैल रहा है। यह स्ट्रेन 2025 से ही लोगों के बीच मौजूद है। राहत की बात यह है कि भारत में इस समय फैल रहे फ्लू वायरस उत्तरी गोलार्ध के लिए सुझाई गई मौसमी फ्लू वैक्सीन से काफी हद तक मेल खाते हैं।
दिल्ली में बढ़े मामले, स्वास्थ्य विभाग अलर्ट
देश के कई हिस्सों में फ्लू के मामलों में अब कमी देखी जा रही है, लेकिन दिल्ली में संक्रमण बढ़ने के कारण स्वास्थ्य विभाग सतर्क है। दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने सोमवार को दिल्ली सचिवालय में समीक्षा बैठक बुलाई है। इसमें सरकारी अस्पतालों की तैयारियों, बेड, दवाइयों, डॉक्टरों और मेडिकल उपकरणों की उपलब्धता का जायजा लिया जाएगा।
स्वास्थ्य मंत्री के मुताबिक, दिल्ली के सरकारी अस्पतालों में पर्याप्त बेड, डॉक्टर, दवाइयां और जरूरी मेडिकल सुविधाएं उपलब्ध हैं। उन्होंने लोगों से घबराने के बजाय सावधानी बरतने की अपील की है।
पिछले कुछ हफ्तों में संक्रमण ज्यादा रहा
ICMR के एक वैज्ञानिक के मुताबिक, पिछले चार से पांच हफ्तों के दौरान दिल्ली में H1N1 संक्रमण काफी ज्यादा रहा। पिछले करीब दो हफ्तों से मामलों में धीरे-धीरे कमी आने लगी है। हालांकि, मौजूदा सप्ताह के आंकड़े अभी सामने नहीं आए हैं।
मनीकंट्रोल की रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले एक सप्ताह में दिल्ली में सामने आए सांस से जुड़े संक्रमणों में करीब 70 फीसदी मामले H1N1 से संबंधित थे।
क्या हैं H1N1 के सामान्य लक्षण?
H1N1 समेत मौसमी फ्लू के सामान्य लक्षणों में बुखार, खांसी, सिरदर्द और शरीर में दर्द शामिल हैं। ज्यादातर मरीज आराम और सामान्य देखभाल से ठीक हो जाते हैं। हालांकि, छोटे बच्चों, बुजुर्गों और पहले से किसी बीमारी से जूझ रहे लोगों में संक्रमण गंभीर रूप ले सकता है।
अगर बुखार या दूसरे लक्षण लगातार बने रहें, बढ़ते जाएं या सांस लेने में परेशानी जैसी गंभीर समस्या हो, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना जरूरी है।
जेपी नड्डा ने भी की अस्पतालों की तैयारियों की समीक्षा
इस बीच केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने शुक्रवार को दिल्ली में H1N1 की स्थिति और अस्पतालों की तैयारियों की समीक्षा की। बैठक में संक्रमण से बचाव के तरीकों को लेकर लोगों के बीच जागरूकता बढ़ाने पर जोर दिया गया।
लोगों को हाथों की साफ-सफाई और सांस से जुड़ी स्वच्छता का ध्यान रखने की सलाह दी गई। दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह भी बैठक में मौजूद रहे। उन्होंने फ्लू जैसे लक्षणों वाले मरीजों और गंभीर सांस संबंधी संक्रमण के मामलों के हालिया आंकड़ों और ट्रेंड की समीक्षा की।
स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि फिलहाल घबराने की जरूरत नहीं है। H1N1 कोई नया वायरस नहीं है, लेकिन दिल्ली में बढ़ते मामलों को देखते हुए निगरानी और अस्पतालों की तैयारियां मजबूत रखी जा रही हैं। सावधानी, साफ-सफाई और गंभीर लक्षण दिखने पर समय पर इलाज लेना सबसे जरूरी है।


