देशभर में चर्चित निठारी कांड के आरोपी रहे सुरेंद्र कोली ने हरिद्वार में कथित तौर पर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. उसका शव सप्त सरोवर रोड पर लालमाता मंदिर के सामने स्थित चाय की दुकान में रस्सी के सहारे लटका मिला. पुलिस ने उसके परिजनों को सूचना देकर मामले की जांच शुरू कर दी है.
चाय की दुकान में मिला शव
शहर कोतवाली की सप्त ऋषि पुलिस चौकी को चाय की दुकान में एक व्यक्ति के फांसी लगाने की सूचना मिली थी. पुलिस मौके पर पहुंची और मृतक की पहचान अल्मोड़ा जिले के भिकियासैंण क्षेत्र के मंगरुखाल गांव निवासी सुरेंद्र कोली के रूप में की.
शहर कोतवाल कुंदन सिंह राणा के मुताबिक, सुरेंद्र कोली पिछले कुछ महीनों से हरिद्वार में रह रहा था. उसने किराए पर चाय का खोखा लिया था और वहीं चाय बेचने का काम कर रहा था. दुकान से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है. पुलिस मामले की हर पहलू से जांच कर रही है.
2025 में सुप्रीम कोर्ट ने किया था बरी
निठारी कांड वर्ष 2006 में सामने आया था. नोएडा के निठारी इलाके में कई हत्याओं और दुष्कर्म के मामलों ने पूरे देश को झकझोर दिया था. मामले में सुरेंद्र कोली को आरोपी बनाया गया था.
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उसे फांसी की सजा सुनाई थी. बाद में वर्ष 2015 में उसकी फांसी की सजा को उम्रकैद में बदल दिया गया था. इसके बाद वर्ष 2025 में सुप्रीम कोर्ट ने उसे निठारी कांड से जुड़े मामलों में बरी कर दिया था.


