पौड़ी जिले में लोगों को कानून की जानकारी देने, साइबर अपराधों से बचाने और महिला एवं बाल सुरक्षा के प्रति जागरूक करने के लिए पुलिस का जन-जागरूकता अभियान लगातार जारी है। अभियान के तहत पुलिस टीमें ग्रामीण क्षेत्रों, विद्यालयों और सार्वजनिक स्थानों पर पहुंचकर स्थानीय लोगों और विद्यार्थियों को जरूरी कानूनी व सुरक्षा संबंधी जानकारी दे रही हैं।
कई क्षेत्रों में आयोजित हुए जागरूकता कार्यक्रम
2 अक्टूबर 2026 को कोतवाली कोटद्वार पुलिस ने उमरेला, हनुमंती और मंडई में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए। वहीं कोतवाली पौड़ी पुलिस ने ल्वाली, उजली और कस्बा पौड़ी में सीडब्ल्यूसी की ओर से आयोजित कार्यक्रम में लोगों को जानकारी दी।
सतपुली, यमकेश्वर और रिखणीखाल में भी अभियान
थाना सतपुली पुलिस ने ग्राम बौसाल मल्ला के पंचायत भवन में ग्रामीणों को जागरूक किया। थाना यमकेश्वर की टीम ने ठांगर के पंचायत भवन और थाना रिखणीखाल पुलिस ने राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय कुमाल्डी तथा ग्राम पाणिसेण में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए।
नए आपराधिक कानूनों की दी जानकारी
कार्यक्रमों के दौरान पुलिस टीमों ने भारतीय न्याय संहिता (BNS), भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) और भारतीय साक्ष्य अधिनियम (BSA) के महत्वपूर्ण प्रावधानों की जानकारी दी। लोगों को Zero FIR और शिकायत दर्ज कराने के अपने अधिकार के बारे में भी बताया गया।
फर्जी लिंक और डिजिटल अरेस्ट से रहें सावधान
पुलिस ने लोगों को अनजान कॉल, फर्जी लिंक, ऑनलाइन निवेश और लॉटरी के नाम पर होने वाली ठगी से सावधान रहने की अपील की। इसके साथ ही बैंकिंग और UPI फ्रॉड तथा कथित डिजिटल अरेस्ट जैसी साइबर ठगी की घटनाओं को लेकर भी सतर्क किया गया।
OTP और UPI PIN किसी से साझा न करने की अपील
पुलिस ने स्पष्ट किया कि किसी भी परिस्थिति में OTP, UPI PIN या पासवर्ड किसी अन्य व्यक्ति के साथ साझा नहीं करना चाहिए। ऑनलाइन लेनदेन के दौरान संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने से बचने और अनजान लोगों से प्राप्त संदेशों की सत्यता जांचने की सलाह दी गई।
साइबर ठगी होने पर 1930 पर करें शिकायत
पुलिस ने बताया कि साइबर ठगी का शिकार होने पर देरी किए बिना 1930 पर शिकायत दर्ज करानी चाहिए। इसके अलावा साइबर अपराध की ऑनलाइन शिकायत के लिए cybercrime.gov.in का इस्तेमाल किया जा सकता है।
महिला और बाल सुरक्षा को लेकर भी जागरूकता
जागरूकता कार्यक्रमों में महिलाओं और बच्चों से जुड़े कानूनी अधिकारों की भी जानकारी दी गई। घरेलू हिंसा, छेड़छाड़, साइबर उत्पीड़न, बाल विवाह और बाल श्रम जैसे मामलों को लेकर लोगों को जागरूक किया गया।
बच्चों को गुड टच-बैड टच की जानकारी
पुलिस टीमों ने बच्चों को गुड टच और बैड टच के बारे में समझाया और किसी भी असहज या संदिग्ध स्थिति में भरोसेमंद व्यक्ति को तुरंत जानकारी देने के लिए प्रेरित किया।
आपात स्थिति में 112 और महिला हेल्पलाइन 1090
पुलिस ने आमजन को आपात स्थिति में 112 नंबर का उपयोग करने की जानकारी दी। महिलाओं से संबंधित सहायता के लिए महिला हेल्पलाइन 1090 के बारे में भी बताया गया। अभियान का उद्देश्य लोगों को कानून और डिजिटल सुरक्षा के प्रति जागरूक कर साइबर ठगी तथा अन्य अपराधों से बचाव के लिए सतर्क करना है।


