कांवड़ यात्रा के सफल समापन के बाद नीलकंठ क्षेत्र को दोबारा स्वच्छ और सुव्यवस्थित बनाने के लिए जिला प्रशासन की ओर से वृहद स्वच्छता अ
भियान चलाया गया। जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया के निर्देशन में सुबह 9 बजे से शुरू हुए अभियान में मंदिर परिसर, पैदल मार्गों, पार्किंग स्थलों, सड़क किनारे और अन्य सार्वजनिक स्थानों की विशेष सफाई की गई।
अभियान के दौरान कांवड़ यात्रा के कारण विभिन्न स्थानों पर जमा हुए कूड़े-कचरे को हटाया गया। इसके साथ ही एकत्रित अपशिष्ट का निर्धारित व्यवस्था के अनुसार निस्तारण कराया गया। यात्रा के दौरान बनाए गए अस्थायी शिविरों, विश्राम स्थलों और उनके आसपास के क्षेत्रों में भी सफाई कराई गई।
मंदिर परिसर और पैदल मार्गों पर विशेष सफाई
नीलकंठ क्षेत्र में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने के कारण यात्रा के दौरान विभिन्न स्थानों पर कचरा जमा हो गया था। स्वच्छता अभियान के तहत मंदिर परिसर के साथ-साथ श्रद्धालुओं के आवागमन वाले पैदल मार्गों, पार्किंग और सड़क किनारे के क्षेत्रों को साफ किया गया।
प्रशासन का उद्देश्य कांवड़ यात्रा के बाद नीलकंठ क्षेत्र को स्वच्छ बनाने के साथ-साथ इसकी धार्मिक गरिमा और प्राकृतिक सुंदरता को बनाए रखना रहा।
स्थानीय लोगों और संगठनों ने किया श्रमदान
स्वच्छता अभियान में जिला पंचायत के स्वच्छता कर्मियों और कर्मचारियों के साथ व्यापार मंडल, मंदिर समिति और टैक्सी यूनियन के पदाधिकारियों ने भी सक्रिय भागीदारी की।
यमकेश्वर की ज्येष्ठ प्रमुख स्वाति देवी, ग्राम प्रधान तोली ऊषा देवी सहित स्थानीय जनप्रतिनिधियों, दुकानदारों और नागरिकों ने भी श्रमदान कर अभियान में सहयोग किया।
नीलकंठ धार्मिक आस्था के साथ पर्यटन का भी प्रमुख केंद्र
उपजिलाधिकारी चतर सिंह चौहान ने कहा कि नीलकंठ केवल धार्मिक आस्था का महत्वपूर्ण केंद्र ही नहीं, बल्कि प्रमुख पर्यटन क्षेत्र भी है। यहां आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों को स्वच्छ एवं बेहतर वातावरण उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता है।
उन्होंने कहा कि क्षेत्र में नियमित सफाई के साथ-साथ प्रभावी कूड़ा उठान और अपशिष्ट निस्तारण की व्यवस्था को बनाए रखा जाएगा। उन्होंने विभागों, स्थानीय संगठनों, व्यापारियों और नागरिकों से भी स्वच्छता व्यवस्था बनाए रखने में निरंतर सहयोग की अपील की।
जिलाधिकारी ने सामूहिक भागीदारी की सराहना की
जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने कहा कि कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए व्यापक व्यवस्थाएं की गई थीं। यात्रा के बाद नीलकंठ क्षेत्र को स्वच्छ एवं सुव्यवस्थित करना भी प्रशासन की प्राथमिकता है।
उन्होंने स्वच्छता अभियान में विभागों, व्यापार मंडल, मंदिर समिति, टैक्सी यूनियन, जनप्रतिनिधियों और स्थानीय नागरिकों की भागीदारी की सराहना करते हुए कहा कि सामूहिक प्रयासों से धार्मिक और पर्यटन स्थलों की स्वच्छता को लंबे समय तक बेहतर बनाया जा सकता है।
जिला प्रशासन ने स्थानीय नागरिकों, व्यापारियों और श्रद्धालुओं से सार्वजनिक स्थानों पर कूड़ा न फेंकने तथा निर्धारित स्थानों पर ही कचरा डालने की अपील की है।
अभियान में ये लोग रहे मौजूद
अभियान में मंदिर के मुख्य पुजारी शिवानंद गिरी जी महाराज, व्यापार मंडल नीलकंठ के अध्यक्ष बृजेश चौहान, सचिव सुमित पंवार, ग्राम प्रधान ऊषा देवी, टैक्सी यूनियन अध्यक्ष देवेंद्र राणा, सचिव देवू शर्मा, सामाजिक कार्यकर्ता शिवचरण सिंह रावत, पूर्व प्रधान रविंद्र नेगी, तेजपाल नेगी, अवनीश नौटियाल सहित संबंधित विभागों के अधिकारी-कर्मचारी, मंदिर समिति, व्यापार मंडल, टैक्सी यूनियन के पदाधिकारी और स्वच्छता कर्मी उपस्थित रहे।


