नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्वतंत्रता दिवस के मौके पर लाल किले से देश को संबोधित करते हुए युवाओं के लिए बड़ी घोषणा की। उन्होंने कहा कि सरकार विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए मुफ्त ऑनलाइन कोचिंग उपलब्ध कराएगी।
पीएम मोदी ने कहा कि कोचिंग क्लास का बढ़ता खर्च मध्यम वर्ग और गरीब परिवारों पर बड़ा आर्थिक बोझ बन गया है। कई माता-पिता को लगता है कि बच्चे को कोचिंग नहीं भेजा तो वह पीछे रह जाएगा।
मोदी ने कहा कि सरकार युवाओं को उनके परिवारों के करीब रहते हुए प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी का मौका देना चाहती है। इसके लिए देश के डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर और अनुभवी शिक्षकों की मदद ली जाएगी।
युवाओं से Census में भाग लेने की अपील
पीएम मोदी ने युवाओं से Census 2027 में सक्रिय रूप से भाग लेने की अपील भी की। उन्होंने कहा कि जनगणना केवल आंकड़े जुटाने का काम नहीं है, बल्कि इन्हीं आंकड़ों के आधार पर सरकार नीतियां और विकास की योजनाएं तैयार करती है।
‘दिमागी नक्सल’ पर भी पीएम मोदी का हमला
अपने संबोधन में पीएम मोदी ने ‘दिमागी नक्सल’ शब्द का इस्तेमाल करते हुए ऐसी विचारधारा को पहचानने और अलग-थलग करने की जरूरत बताई। उन्होंने कहा कि माओवादी हिंसा अब अंतिम चरण में है और नक्सलवाद ने लंबे समय तक युवाओं के भविष्य को नुकसान पहुंचाया।
पीएम मोदी ने दावा किया कि 2014 में सत्ता में आने के बाद सरकार ने देश को नक्सलवाद से मुक्त करने का संकल्प लिया था और अब कई क्षेत्र नक्सल प्रभाव से बाहर आकर विकास की राह पर बढ़ रहे हैं।


