पौड़ी गढ़वाल में विकास कार्यों की रफ्तार और योजनाओं की प्रगति को लेकर जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने कलेक्ट्रेट सभागार में समीक्षा बैठक की। बैठक में जिला योजना, राज्य सेक्टर, केंद्र पोषित योजनाओं, 20 सूत्री और 25 सूत्री कार्यक्रम के साथ पांच करोड़ रुपये से अधिक लागत वाली योजनाओं और महत्वपूर्ण फास्ट ट्रैक कार्यों की समीक्षा की गई।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिन योजनाओं की प्रगति निर्धारित समय के अनुसार नहीं हो रही है, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर गति दी जाए। उन्होंने कहा कि जिन योजनाओं के लिए धनराशि स्वीकृत हो चुकी है, उनके कार्यों में अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए। निर्माण कार्यों में गुणवत्ता के साथ सुरक्षा मानकों का भी विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए गए।
पीएमजीएसवाई के 16 कार्य इसी माह होंगे शुरू
बैठक में अधिशासी अभियंता ने बताया कि प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत 16 कार्यों के अनुबंध हो चुके हैं। जिलाधिकारी ने इन सभी कार्यों को इसी माह शुरू करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि स्वीकृत कार्यों से जुड़ी आवश्यक औपचारिकताएं जल्द पूरी कर उन्हें धरातल पर उतारा जाए।
मोहनचट्टी में निर्माणाधीन आयुर्वेदिक चिकित्सालय और योग विलेज का काम 10 अक्टूबर तक पूरा करने के निर्देश दिए गए। वहीं सतपुली बैराज का निर्माण दिसंबर तक पूरा करने की जानकारी दी गई।
पौड़ी में फीकल स्लज ट्रीटमेंट प्लांट और सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट को शासन से मंजूरी मिलने की जानकारी भी बैठक में दी गई। जिलाधिकारी ने टेंडर प्रक्रिया शुरू कर कार्य निर्धारण के निर्देश दिए। सतपुली नगरीय पेयजल योजना का कार्य जनवरी 2027 तक पूरा होने की संभावना जताई गई।
सड़कों के काम में तेजी लाने के निर्देश
सतपुली-गुमखाल संपर्क मार्ग पर ब्लैक टॉप का काम शुरू होने और अधिकांश मलबा हटाए जाने की जानकारी दी गई। जिलाधिकारी ने शेष मलबा जल्द हटाने के साथ सुरक्षात्मक दीवारों की मरम्मत और निर्माण कार्य तेजी से पूरा करने को कहा, ताकि यातायात सुरक्षित और सुचारु बना रहे।
पौड़ी-श्रीनगर मार्ग पर सुरक्षा दीवारों और नालियों का काम जारी है। पाइप शिफ्टिंग के कारण प्रभावित कार्यों को संबंधित अधिकारियों को मौके पर निरीक्षण कर आपसी समन्वय से जल्द शुरू कराने के निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने पूर्ण हो चुके बड़े कार्यों की फोटोग्राफ और माप पुस्तिका उपलब्ध कराने को कहा। साथ ही शासन स्तर पर लंबित मामलों का संबंधित विभागों को नियमित फॉलोअप करने और वन विभाग की एनओसी के कारण अटके कार्यों को समन्वय से जल्द निस्तारित करने के निर्देश दिए।
जेल संग्रहालय और राहु मंदिर की भी समीक्षा
बैठक में पौड़ी जेल संग्रहालय के कार्य में तेजी लाने को कहा गया। पैठाणी स्थित राहु मंदिर के कार्यों की समीक्षा के दौरान बताया गया कि पुजारी आवास का निर्माण पूरा हो चुका है। जिलाधिकारी ने वेटिंग हॉल में फर्नीचर और लाइटिंग पोल में संगीत व्यवस्था करने के निर्देश दिए।
सीता माता सर्किट के तहत सौंदर्यीकरण कार्यों के लिए जल्द टेंडर प्रक्रिया शुरू करने को भी कहा गया। पौड़ी के इको एडवेंचर पार्क की प्रगति की भी समीक्षा की गई।
जिला योजना में लोनिवि की धीमी प्रगति पर नाराजगी
जिला योजना की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने कार्यों की गति बढ़ाने के निर्देश दिए। लोक निर्माण विभाग की प्रगति कम पाए जाने पर विभाग को 15 अक्टूबर और 31 अक्टूबर तक पाक्षिक प्रगति रिपोर्ट उपलब्ध कराने को कहा गया।
उन्होंने स्पष्ट किया कि योजनाओं की समीक्षा केवल वित्तीय प्रगति के आधार पर नहीं होनी चाहिए, बल्कि कार्यों की वास्तविक भौतिक प्रगति भी सुनिश्चित की जाए। जिन विभागों ने पहली किश्त के लक्ष्य में 60 प्रतिशत से अधिक प्रगति कर ली है, उन्हें दूसरी किश्त जारी करने की कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
पूल्ड आवासों की स्थिति की समीक्षा करते हुए डीएसटीओ को समिति गठित कर आवासों का निरीक्षण कराने और जरूरत के अनुसार मरम्मत कार्य करवाने को कहा गया।
20 सूत्री कार्यक्रम में भी तेजी के निर्देश
20 सूत्री और 25 सूत्री कार्यक्रम की समीक्षा के दौरान पीएमजीएसवाई और स्वास्थ्य विभाग की धीमी प्रगति पर जिलाधिकारी ने नाराजगी जताई। उन्होंने दोनों विभागों को निर्धारित लक्ष्यों को समय पर पूरा करने के लिए काम में तेजी लाने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने सभी विभागों को आपसी समन्वय से विकास कार्यों को आगे बढ़ाने और योजनाओं के क्रियान्वयन में गुणवत्ता, पारदर्शिता और समयबद्धता सुनिश्चित करने को कहा।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी अशोक जोशी, परियोजना निदेशक डीआरडीए विवेक कुमार उपाध्याय, जिला विकास अधिकारी रमेश चंद, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. मेघना असवाल समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।


