उत्तर प्रदेश के आगरा में आलू-चावल का पुलाव खाने के बाद एक ही परिवार के दो मासूम भाइयों की मौत हो गई. वहीं, उनके माता-पिता और 10 वर्षीय बहन की हालत गंभीर बनी हुई है. तीनों का जयपुर के अस्पताल में इलाज चल रहा है. शुरुआती तौर पर मामला फूड पॉइजनिंग का माना जा रहा है. पुलिस घटना की जांच कर रही है.
रात में खाया पुलाव, सुबह बेहोश मिले परिवार के सदस्य
आगरा के किरावली कस्बे में एक परिवार के दो बच्चों की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत से हड़कंप मच गया. वार्ड नंबर 10 में रहने वाले हुसैन मजदूरी करके अपने परिवार का पालन-पोषण करते हैं. वह मूल रूप से राजस्थान के धंतूरी महोआ क्षेत्र के रहने वाले हैं और किरावली में अपनी ससुराल के पास किराए के मकान में रहते हैं.
जानकारी के मुताबिक, रविवार रात परिवार के पांच सदस्य पास के एक मोहल्ले में आयोजित कार्यक्रम से घर लौटे थे. इसके बाद उन्होंने रात में आलू-चावल का पुलाव खाया और चाय पी. सोमवार सुबह परिवार का कोई सदस्य घर से बाहर नहीं निकला तो पड़ोसियों को शक हुआ. अंदर जाकर देखा गया तो परिवार के सभी सदस्य बेहोशी की हालत में पड़े थे.
पांच और आठ साल के दो भाइयों की मौत
परिवार के सभी सदस्यों को आनन-फानन में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र किरावली पहुंचाया गया. हालत गंभीर होने पर उन्हें एसएन मेडिकल कॉलेज (एसएनएमसी) रेफर किया गया.
इस दौरान हुसैन के पांच वर्षीय बेटे जीशान उर्फ गोलू की मौत हो गई. वहीं, उनके आठ वर्षीय बेटे आहिल ने जयपुर में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया.
हुसैन, उनकी पत्नी रेशमा और 10 वर्षीय बेटी चांदनी की हालत गंभीर बताई जा रही है. तीनों का जयपुर के अस्पताल में इलाज चल रहा है. परिजनों के मुताबिक, जीशान का शव राजस्थान स्थित उसके पैतृक गांव धंतूरी महोआ ले जाया गया है.
डॉक्टरों ने जताई फूड पॉइजनिंग की आशंका
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र किरावली के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. राघवेंद्र सिंह के मुताबिक, शुरुआती तौर पर यह मामला फूड पॉइजनिंग का प्रतीत हो रहा है. हालांकि, घटना के वास्तविक कारणों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी.
वहीं, किरावली थाना प्रभारी ने बताया कि परिवार के दो बच्चों की मौत हुई है और मामले की जांच की जा रही है. पुलिस के अनुसार, अभी तक कोई शिकायत प्राप्त नहीं हुई है.
बागपत में चारा खाने से दो पशुओं की मौत
इसी बीच बागपत जिले के गांगनौली गांव में भी पशुओं की अचानक तबीयत बिगड़ने का मामला सामने आया है. यहां किसान जगपाल सिंह के दो पशुओं की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य की हालत चिंताजनक बताई जा रही है.
किसान के मुताबिक, सोमवार सुबह करीब चार बजे उसने पशुओं को भूसे और ज्वार की कुट्टी का मिश्रण खिलाया था. करीब आधे घंटे बाद पशुओं की हालत बिगड़ने लगी और उन्होंने चारा खाना बंद कर दिया. इसके लगभग एक घंटे बाद एक भैंसे और एक कटिया की मौत हो गई.
सूचना मिलने पर पशु चिकित्सकों की टीम गांव पहुंची और बीमार पशुओं का उपचार शुरू किया. पशुओं की मौत के कारणों का फिलहाल पता नहीं चल पाया है.


